मंगलवार, 16 जून 2026

हनुमान जी पर विश्वास क्यों रखें? लक्ष्मण जी के लिए संजीवनी लाने का अद्भुत प्रसंग


हनुमान जी संजीवनी पर्वत लेकर आते हुए – लक्ष्मण जी जीवन रक्षक प्रसंग
जहाँ विश्वास होता है, वहाँ संकट भी छोटा पड़ जाता है।

"हनुमान जी के इस प्रेरणादायक प्रसंग में बताया गया है कि सच्चे भक्त का विश्वास कितना अटूट होता है। जब लक्ष्मण जी मूर्छित हो गए तब हनुमान जी ने भगवान राम को जो आश्वासन दिया, वह हर भक्त के लिए प्रेरणा का स्रोत है।"

"यदि आप हनुमान जी की भक्ति करते हैं और उन पर सच्चा विश्वास रखते हैं, तो जीवन की बड़ी से बड़ी चिंता भी छोटी लगने लगती है। रामायण का एक ऐसा प्रसंग है जो हमें सिखाता है कि सच्चा भक्त असंभव को भी संभव बना सकता है। जब लक्ष्मण जी शक्ति लगने से मूर्छित हो गए और भगवान राम अत्यंत व्याकुल हो उठे, तब हनुमान जी ने जो उत्तर दिया, वह हर भक्त के हृदय में विश्वास की ज्योति जगा देता है।"


लक्ष्मण जी को शक्ति लगना  

 जब लक्ष्मण जी को शक्ति लगी और राम जी अपना धैर्य खो रहे थे, लगातार रो रहे थे और हनुमान जी से बोल रहे थे  

यदि तुम संजीवनी नहीं ला पाए तो क्या होगा ???.... इसका उत्तर स्वयं हनुमान जी ने दिया है 


हनुमान जी का अद्भुत उत्तर

 तब हनुमान जी को उनकी ऐसी स्थिति देखी नहीं गई और राम जी से बोले - प्रभु आप चिंता ना करैं। 

"मैं अंजनि पुत्र हनुमान प्रकाश के वेग से जाऊंगा और द्रोणागिरी पर्वत को समय के पहले ही उठा ले आउगा" यदि 

"इसमें अमृत नहीं मिला तो उसी वेग स्वर्ग जाउगा और वह से देवताओं से अमृत छीनकर यहां ले आउंगा " यदि वहां भी 

नहीं मिला तो जहां से अमृत निकला था पाताल लोक चला जाउगा वहां से ले आउगा और यदि वहाँ भी नहीं मिला तो मैं 

चन्द्रमा को पकड़ के लछमण जी के मुँह मे निचोड़ दूँगा (ऐसा बोला जाता है कि चन्द्रमा मे अमृत का रस है ) और यदि 

"वहाँ से भी नहीं निकला तो सूर्य को फिर से निगल जाऊंगा " और इतने पर भी कुछ नहीं हुआ तो  यमलोक जाके 

धर्मराज के धर्मपाश को ही तोड़ दूंगा। और इससे भी कुछ न हुआ तो काल को समाप्त कर दूंगा। "

सोचिये इतना सब केवल स्वयं भू भोलेनाथ ही बोल सकते है क्योकि हनुमान जी शिवजी का ही रूप है।  

तो फिर आप क्यों इतनी चिंता करते है हनुमान जी के रहते।  उनके ऊपर विश्वास बनाये रखिये और सब संकटों को संकटमोचन पर ही छोड़  दीजिये।


भक्तों के लिए सीख

इस कथा का संदेश स्पष्ट है कि जो व्यक्ति सच्चे मन से हनुमान जी पर विश्वास करता है, उसे निराश होने की आवश्यकता नहीं होती। संकट चाहे कितना भी बड़ा क्यों न हो, संकटमोचन हनुमान अपने भक्त का साथ कभी नहीं छोड़ते।

इसलिए चिंता नहीं, विश्वास रखिए।
भय नहीं, भक्ति रखिए।
संदेह नहीं, श्रद्धा रखिए।

जय श्री राम 🚩
जय बजरंगबली 🚩

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